प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सेशेल्स की यात्रा के दौरान राष्ट्रपति पैट्रिक हर्मिन से द्विपक्षीय वार्ता की। उन्होंने हिंद महासागर को दोनों देशों की साझा जिम्मेदारी मानते हुए सुरक्षा, स्थिरता और विकास के लिए मिलकर काम करने का संकल्प लिया। रक्षा, समुद्री सुरक्षा, डिजिटल भुगतान, अंतरिक्ष अन्वेषण, स्वास्थ्य, कृषि, शिक्षा और अन्य क्षेत्रों में कुल 19 समझौतों पर हस्ताक्षर किए गए। भारत ने सेशेल्स को तटरक्षक बल के लिए त्वरित गश्ती पोत, वाहन और आवश्यक सुविधाएं प्रदान कीं। प्रधानमंत्री ने कहा कि जलवायु परिवर्तन का प्रभाव छोटे द्वीपीय देशों पर गंभीर रूप से पड़ रहा है और उन्होंने कहा कि हरित ऊर्जा और नीली अर्थव्यवस्था के क्षेत्रों में साझेदारी का और विस्तार किया जाएगा।

हिंद महासागर की सुरक्षा के लिए भारत-सेशेल्स की संयुक्त प्रतिबद्धता
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सेशेल्स की यात्रा के दौरान राष्ट्रपति पैट्रिक हर्मिन से द्विपक्षीय वार्ता की। उन्होंने हिंद महासागर को दोनों देशों की साझा जिम्मेदारी मानते हुए सुरक्षा, स्थिरता और विकास के लिए मिलकर काम करने का संकल्प लिया। रक्षा, समुद्री सुरक्षा, डिजिटल भुगतान, अंतरिक्ष अन्वेषण, स्वास्थ्य, कृषि, शिक्षा और अन्य क्षेत्रों में कुल 19 समझौतों पर हस्ताक्षर किए गए। भारत ने सेशेल्स को तटरक्षक बल के लिए त्वरित गश्ती पोत, वाहन और आवश्यक सुविधाएं प्रदान कीं। प्रधानमंत्री ने कहा कि जलवायु परिवर्तन का प्रभाव छोटे द्वीपीय देशों पर गंभीर रूप से पड़ रहा है और उन्होंने कहा कि हरित ऊर्जा और नीली अर्थव्यवस्था के क्षेत्रों में साझेदारी का और विस्तार किया जाएगा।

